क्या आप भी रेस्टोरेंट में करते हैं ऐसी हरकतें?तो अब ‘NO’ करे ऐसी हरकतों को।

 नई दिल्ली:  फैमिली, फ्रेंड के साथ घूमना फिरना, बाहर खाना सभी को पसंद होता है डेली घर का खाना खा कर भी हम बोर हो जाते है जिसके लिए कभी कभी बाहर रेस्तरां जाकर खाने का मज़ा ही कुछ ओर होता है जिस मस्ती और इंडॉयमेंट के लिए आप अपनी जेब की भी फिकर नहीं करते हैं। लेकिन जिन रेस्तरां में आप डिनर,लंच और ब्रेकफास्ट के लिए अकसर जाया करते है क्या वो  रेस्तरां भी कुछ इस की तरह के है, जहां आप जाकर कुछ अजीब ही हरकत करते नज़र आए हो । आप सोच रहेगें ये कैसा रेस्तरां की बात की जा रही है, भला रेस्तरां जाकर कोई अजीबों गरीब हरकते क्यों करने लगेगा। लेकिन यह सच है अगर आप इस तरह के रेस्तरां में जाते है और इनके रुल्स फॉलों नही करते है तो शायद आपको भी शर्मिंदगी झेलनी पड़ सकती हैं और आप भी अजब हरकत करते नज़र आएगें..

वेटर को आवाज लगाकर बुलाना

रेस्टोरेंट जाएं और बातें करते करते वेटर को ‘भैया इधर आना’ या ‘हैलो सुनो’ चिल्लाते हैं तो तुरंत संभल जाइए। अगर आप वहां गए हैं तो थोड़ा धैर्य रखिए। वेटर खुद आपके पास आएगा और ऑर्डर लेगा। रेस्टोरेंट के मैनेजर की नजर आप पर है और जैसे ही आप सेटल होंगे, वेटर आपके पास आ जाएगा।

एक डिश के लिए चार कटोरी

कई बार आप पैसे बचाने के मूड में हैं तो फैमिली के साथ जाने पर आप कंजूसी दिखा रहे हैं तो बचिए। बड़ी फैमिली के साथ गए हैं तो कंजूसी मत दिखाइए। एक डिश दो या तीन लोगों में सर्व हो सकती है और उसे पांच या सात में बांटने की गुजारिश मत कीजिए।

यम यम चपर चपर

आप कांटे और चम्मच से खाने के आदी नहीं है तो जबरदस्ती का दिखावा मत कीजिए। ऐसा करने की कोशिश में आपकी नासमझी चम्मच और कांटे की बेवजह आवाज पैदा करेगी जिससे शर्मिंदगी का माहौल बन सकता है। हाथ से ही खाइए मगर संभल कर सफाई से खाइए।

खुद वेटर बनने की कोशिश

कई बार होता है कि जैसे ही खाना आता है, आप लपक कर सर्व करने लगते हैं। धैर्य रखिए ताकि वेटर खाना सर्व कर सके। शुरूआती व्यंजन उसे सर्व करने दें और बाद में आई डिश आप चाहें तो सर्व करें। लेकिन वेटर का काम खुद करने की कोशिश करेंगे तो वेटर की नजर भी आपके लिए बदल जाएगी।

 

जरुर पढ़ें:  4 साल के इस बच्चे के सामने Google भी है फेल, सबकी बोलती कर रखी है बंद

 पेट भर सौंफ की बेताबी

अगर खाने के बाद सौफ टेबल पर आ गई है तो बैचेन मत हो जाइए। उतनी ही हाथ में लीजिए जितनी पेट के लिए जरूरी है। आमतौर पर सभी लोग सौफ और इलायची पहले मुंह में डालते है और फिर दुबारा मुट्टी भरकर बाहर निकल लेते हैं। ये गलत है, सौंफ जैसी चीज पर नीयत खराब करने से आपकी छवि खराब होगी।

खाना थाली में छोड़ना

अगर खाना ज्यादा आ गया है तो जूठा बिलकुल मत छोड़िए। आमतौर पर लोग ज्यादा खाना प्लेटों में ही छोड़कर चले जाते हैं। आप वेटर को बुलाकर बाकी खाना पैैक करा लीजिए, उसे बाहर कहीं जरूरतमंद को दे जाइए। चाहे तो पैक कराकर घर भी ले जा सकते हैं।

Loading...