ये दुनिया जानती है, कि माँ बनने का सुख और सौभाग्य केवल एक नारी को ही मिलता है। अपने पेट में 9 महीने रखकर मां ही बच्चे को दुनिया से रुबरु करवाती है। वो मां ही हैं, जो उस नन्ही सी जान के लिए खुद की जान की जरा सी भी फ़िक्र नहीं करती और बस उसकी एक किलकारी सुनने के लिए बेताब रहती हैं। लेकिन उस माँ का क्या, जिसने इस पल के लिए पूरे नौ महीने गुजार दिए, फिर भी वो अपनी औलाद को पैदा होते ही न तो गले लगा सकी और ना ही उसे अपना दूध पिला सकीं। हालांकि ये काम उसके पिता ने पूरा किया और नवजात को अपना स्तनपान कराकर माँ की कमी को पूरा कर दिया। लेकिन आखिर माँ के रहते एक पिता को अपना स्तनपान क्यों करना पड़ा? और क्या पुरुषों को स्तनों से भी कभी दूध निकल सकता है? ये सवाल आपके मन में ज़रूर आ रहे होंगे, लेकिन ये मामला कुछ अलग है।

दरअसल ये वाकया अमरीका का है, जहां मैक्समिलियन ने 26 जून की रात वो कर दिखाया, जिसके बाद न सिर्फ वो दुनिया के पहले पुरुष बन गए, बल्कि उन्होंने एक पिता के दर्द और फर्ज को भी सही मायने में निभाया। दरअसल अमरीका के विस्कॉन्सिन में रहने वाले परिवार में 26 जून को एक नन्हा मेहमान आया। लेकिन उस बच्चे की ये बदकिस्मती ही थी, कि उसे माँ का पहला दूध तो छोड़िए स्पर्श भी नहीं मिल पाया, लेकिन उस बच्चे के पिता ने उस नन्ही सी जान के लिए जो किया वो कोई सपने में भी नहीं सोच सकता। आपको बता दें बच्चे की मां एप्रिल न्यूबॉर्स की डिलीवरी सामान्य नहीं थी, क्योंकि उनका ब्लड-प्रेशर बहुत हाई था। वो लंबे समय से प्री-एक्लेंपसिया नाम की एक बीमारी से पीड़ित थीं। ये बीमारी केवल गर्भवती महिलाओं को ही होती है। एप्रिल न्यूबॉर्स की हालत डिलीवरी के दौरान काफी ख़राब थी। उनकी हालत इतनी ख़राब हो गई, कि सीज़ेरियन डिलीवरी करानी पड़ी।

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Baby Rosalía Lupita Valentina Neubauer.

सीज़ेरियन डिलीवरी के बाद देर रात एप्रिल ने बेटी को जन्म दिया। उन्होंने नन्ही बच्ची का नाम रोज़ेली रखा। जन्म के वक्त रोज़ेली का वजन 3.6 किलो था। दुःख की बात ये रही, कि बेटी के जन्म के बाद ही एप्रिल को दूसरी मेडिकल समस्याएं शुरू हो गई और आगे के इलाज के लिए उन्हें अस्पताल के दूसरे कमरे में भेज दिया गया। ये सब कुछ इतना जल्दी हुआ, कि वो अपनी नवजात बच्ची को गोद में भी नहीं उठा पाईं। जब नर्स को बच्चे की मां नहीं मिली तो उसने रोज़ेली को उसके पिता मैक्समिलियन को दे दिया। मैक्समिलियन ने जब बच्ची को देखा तब उनकी आँखें ख़ुशी से भर आईं। साथ ही मैक्समिलियन ने अपनी शर्ट को उतार लिया ताकि वे अपनी बेटी के स्पर्श को महसूस कर सके। नर्स ने पिता मैक्समिलियन को बताया, कि नवजात शिशु को दूध पिलाना पड़ेगा। ये सुनकर मैक्समिलियन सोच में पड़ गए, कि बिना मां के उनकी बच्ची दूध कैसे पीएगी। लेकिन नर्स ने कहा भले ही उंगली से दूध पिलाना पड़े पर कम से कम शुरुआत तो करनी ही होगी।

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Maxamillian Kendall Neubauer with Baby Rosalía

ये बातें सुनकर मैक्समिलियन फिक्र में पड़ गए, नर्स ने उन्हें इस उहापोह में देखकर एक अनोखा ऑप्शन दे डाला। ये ऑप्शन था कि मैक्समिलियन भी अपनी बेटी को दूध पिला सकते हैं। जी हां ये बात महज कल्पना नहीं पर ऐसा असल में हुआ है। नर्स ने बताया, कि वह अपनी छाती पर एक निप्पल लगाकर असल में ब्रेस्टफ़ीड करवा सकते हैं। इस ऑप्शन को सुन कर मैक्समिलियन काफी खुश हो गए और उन्होंने इसको ट्राई करने की इच्छा जताई। बता दें इसके बाद नर्स ने एक ट्यूब की मदद से एक प्लास्टिक निपल को मैक्समिलियन की छाती से चिपका दिया। असल में ये ट्यूब फॉर्मूला मिल्क से भरी एक सीरिंज से जुड़ा हुआ था जिसकी सहायता से दूध निप्पल में जा रहा था।

Maxamillian Kendall Neubauer breastfeeds his newborn Daughter.
बता दें मैक्समिलियन ने इस प्यारे एहसास को अपने सोशल मीडिया अकाउंट पर भी शेयर किया। उन्होंने ये फोटो शेयर करते हुए लोगों को अपने अनुभव से वाकिफ करवाया। उन्होंने कैप्शन में लिखा कि “मैंने कभी भी ये नहीं किया और वाकई कभी ऐसा करने के बारे में सोचा भी नहीं था। मैं किसी बच्ची को ब्रेस्टफ़ीड कराने वाला पहला शख़्स था। मेरी सास ने जब ये देखा, तो उन्हें अपनी आंखों पर यक़ीन ही नहीं हुआ। कुछ ही वक़्त में मुझे अपनी बेटी के साथ एक जुड़ाव महसूस होने लगा। मैंने उसे गोद में उठा रखा था और लगातार कोशिश कर रहा था, कि उसे ब्रेस्टफ़ीड करने में दिक्क़त न हो।”  फोटोज में मैक्समिलियन की छाती पर एक टैटू बना हुआ दिखाई दे रहा है, जिस पर मॉम लिखा हुआ है।

पोस्ट शेयर करने के बाद उन्हें कई कमेंट्स मिले। एक यूजर ने लिखा कि उनकी छाती पर ये मॉम का टैटू महज़ एक टैटू नहीं ये वाकई उसको सही भी साबित कर रहा है। कुछ यूजर्स ने उस नर्स की भी तारीफ की, जो इस पिता की चिंता और मन को पढ़ पाई। वहीं कुछ लोगों को एक पुरुष को ब्रेस्टफ़ीड कराते हुए देखना, थोड़ा अजीब लगा। आपको बता दें मैक्समिलियन की ये पोस्ट 30 हज़ार से ज़्यादा लोगों ने शेयर की है और इस पोस्ट पर सैकड़ों प्रतिक्रियाएं आई हैं। मैक्समिलियन का इस पर बस यही कहना है, कि उन्होंने सिर्फ़ वही किया जो ऐसे हालात में कोई भी पिता करता। एक पिता भी अपने बच्चे को मां की तरह ही सुरक्षित और खुश देखना चाहता है। आपको बता दें मैक्समिलियन ने पत्नी के स्वस्थ होने के बाद उनकी और अपनी बेटी की पिक्चर को भी सोशल मीडिया पर शेयर किया है।